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क्या लखनऊ में फिर लगेगा Lockdown ? UP के कानून मंत्री ने जताई आशंका 

Shikha Awasthi 13-04-2021 16:01:14 21 Total visiter


लखनऊ। राजधानी लखनऊ में कोरोना से पैदा हुए हालातों को देखते हुए कानून मंत्री बृजेश पाठक ने अधिकारियों को चिट्ठी लिखी है। इस चिट्ठी में उन्होंने यूपी के चिकित्सा व्यवस्था को लेकर सवाल भी खड़े किए हैं। उन्होंने कहा कि लखनऊ में ख़राब व्यवस्था के चलते ध्यान नहीं दिया गया तो जल्द लखनऊ में लॉकडाउन लगाने जैसे हालात हो सकते हैं। उन्होंने लिखा कि प्राइवेट अस्पताल में कोरोना की जांच बंद हो गई है जो गलत है, शहर में इस वक्त 17 हज़ार कोविड जांच किटों की ज़रूरत है लेकिन केवल 10 हज़ार किट ही मिल पा रही है। साथ ही उनका ये भी कहना है की लोग मदद के लिए फ़ोन कर रहें हैं लेकिन सुविधा नहीं है इसलिए मदद भी नहीं हो पा रही है। 

उन्होंने चिट्ठी में लिखा की मरीजों को सही व्यवस्था नहीं मिल पा रही है जिस वजह से राजधानी में लॉकडाउन की स्थिति बन सकती है। साथ ही उन्होंने चिकित्सा अधिकारी से हॉस्पिटल में बेड बढ़ाने की भी मांग की है। उन्होंने लिखा जहां एक तरफ अस्पतालों में मरीजों की संख्या बढ़ती जा रही है वहीं दूसरी तरफ अस्पताल के बहार एक लंबी कतार भी देखने को मिल रही है।  इस चिट्ठी में उन्होंने लिखा कि पहले की तरह ही एक बार फिर से लोगों की आरटीपीसीआर की रैंडम टेस्टिंग होनी चाहिए। इसके साथ ही 24 घंटे के अंदर ही उसकी रिपोर्ट भी उपलब्ध कराइ जाए। इसके अलाव उन्होंने मांग की है कि राजधानी लखनऊ में आईसीयू और बेड्स की संख्या को बढ़ाया जाए जिससे गंभीर लोगों को तुरंत इलाज मिल सके।

इस चिट्ठी में उन्होंने डॉ. योगेश प्रवीण का ज़िक्र करते हुए कहा की उनकी अचानक तबियत बिगड़ने के बाद मैंने स्वयं मुख्य चिकित्सा अधिकारी को फ़ोन मिलकर तत्काल  एम्बुलेंस तथा चिकित्सा सुविधा मुहैया कराने का अनुरोध किया लेकिन कई घंटों के बाद भी एम्बुलेंस का इंतजाम नहीं हो पाया, और समय से इलाज न मिल पाने के कारन उनका निधन हो गया। वहीं प्रमुख स्वास्थ्य सचिव को ये चिठ्ठी लिखते हुए उन्होंने शिकायत भी की थी कि स्वास्थ्य अधिकारी के दफ्तर में फोन नहीं उठाया जाता है, जिसके चलते कई बार समस्या होती है। 

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