इमेज टुडे - ज़िन्दगी में भर दे रंग - समाचारों का द्विभाषीय पोर्टल

देशभर में 18 साल से ऊपर के लोगों को वैक्सीनेशन के लिए आज से शुरू हो रहा रजिस्ट्रेशन      ||      लखनऊ: मेदांता अस्पताल में मरीजों की मदद के लिए प्रियंका गांधी ने भेजा ऑक्सीजन का टैंकर      ||      भारत में कोरोना की बिगड़ती स्थिति पर संयुक्त राष्ट्र संघ ने बढ़ाया मदद का हाथ      ||      असम में आए भूकंप पर प्रियंका गांधी ने कहा- असम के लोगों के लिए मेरा प्यार और प्रार्थनाएं      ||      PM CARES से DRDO खड़े करेगा 500 ऑक्सीजन प्लांट      ||     

कोरोना प्रोटोकाल में नही होगा कोई बदवाल, अदालत ने खारिज की याचिका 

pooja 25-05-2021 18:58:55 12 Total visiter


नई दिल्ली। कोरोना महामारी के दौरान मरीजों का उपचार करने संबंधी वर्तमान प्रोटोकॉल में बदलाव की एक जनयाचिका को दिल्ली हाईकोर्ट ने खारिज कर दिया। याचिका को खारिज करते हुए अदालत ने कहा कि इलाज का यह तरीका विशेषज्ञों के बीच चर्चा, जांच तथा प्रयोगों के आधार पर तय किया गया है। इसके साथ ही मुख्य न्यायाधीश डी एन पटेल और न्यायमूर्ति ज्योति सिंह की पीठ ने याचिका पर विचार करने से इनकार कर दिया। साथ ही याचिकाकर्ता पर 25,000 का जुर्माना भी लगाया।

याचिका में एंटीपायरेटिक को लेकर दिया था सुझाव 

दिल्ली हाई कोर्ट में दो चिकित्सकों और दो अध्ययनकर्ता विश्लेषकों ने याचिका दाखिल की थी। इसमें कहा गया था कि एंटीपायरेटिक दवाएं मसलन पैरासिटेमॉल, एंटीबायोटिक तथा स्टेरॉयड का इस्तेमाल कोविड-19 के गंभीर मामलों में ही किया जाए तथा संक्रमण के शुरुआती चरण में इनमें इस्तेमाल नहीं किया जाना चाहिए। 

इसके जवाब में अदालत ने कहा कि कौन सी दवाएं दी जानी चाहिए और कितनी मात्रा में दी जानी चाहिए यह प्रयोगों तथा सत्यापित आंकड़ों के आधार पर तय हुआ है और इनमें याचिकाकर्ताओं के दिए सुझावों के आधार पर आसानी से बदलाव नहीं किया जा सकता। पीठ ने आगे कहा कि वह याचिकाकर्ताओं के अनुरोध पर विचार करने का निर्देश नीति आयोग तथा भारतीय आयुर्विज्ञान अनुसंधान परिषद को नहीं देगा क्योंकि इनके अधिकारी कोविड-19 तथा ब्लैक फंगस से निबटने में व्यस्त हैं। 

Comments

Subscribe

Receive updates and latest news direct from our team. Simply enter your email below :